बारिश में बढ़ा डायरिया, डेंगू और आई फ्लू का खतरा, CMHO उज्जैन ने जारी की स्वास्थ्य सलाह

 

उज्जैन | 9 जुलाई 2026 रिपोर्ट(  रघुवीर सिंह पंवार )



वर्षा ऋतु के दौरान दूषित पानी और अस्वच्छता के कारण कई संक्रामक बीमारियों का खतरा बढ़ जाता है। इसे देखते हुए मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (CMHO) उज्जैन डॉ. अशोक कुमार पटैल ने नागरिकों से विशेष सावधानी बरतने की अपील की है। उन्होंने कहा कि स्वच्छ पेयजल, साफ-सफाई और व्यक्तिगत स्वच्छता अपनाकर अधिकांश मौसमी बीमारियों से बचा जा सकता है।

डॉ. पटैल ने बताया कि बरसात में दूषित पानी के सेवन से टाइफाइड, पीलिया, डायरिया, पेचिश और हैजा जैसी जलजनित बीमारियाँ तेजी से फैलती हैं। इसलिए पीने और भोजन बनाने के लिए केवल उबला या शुद्ध पानी ही उपयोग करें। भोजन करने से पहले और शौच के बाद साबुन से हाथ धोने की आदत अपनाएँ।


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डायरिया से बच्चों को सबसे अधिक खतरा

स्वास्थ्य विभाग के अनुसार, वर्षा ऋतु में डायरिया के मामले बढ़ जाते हैं और छोटे बच्चों के लिए यह बीमारी अधिक गंभीर हो सकती है। शरीर में पानी की कमी होने पर स्थिति जानलेवा भी बन सकती है।

बचाव के लिए अपनाएँ ये उपाय:

  • केवल स्वच्छ और शुद्ध पानी का सेवन करें।
  • ताजा एवं साफ भोजन करें।
  • सड़े-गले फल और खाद्य पदार्थों से बचें।
  • खुले में शौच न करें, शौचालय का उपयोग करें।
  • खाने-पीने की वस्तुओं को हमेशा ढंककर रखें।
  • दस्त होने पर चिकित्सक की सलाह से ओआरएस (ORS) और जिंक का सेवन करें।

आई फ्लू (कंजंक्टिवाइटिस) से भी रहें सावधान

मानसून में आई फ्लू (कंजंक्टिवाइटिस) के मामले भी बढ़ जाते हैं। इसमें आंखें लाल होना, खुजली, पानी आना और चिपचिपाहट जैसी समस्याएँ होती हैं। यह संक्रमण संक्रमित व्यक्ति के संपर्क या उसके उपयोग की वस्तुओं से फैल सकता है।


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बचाव के उपाय:

  • आंखों को बार-बार हाथ न लगाएँ।
  • अलग तौलिया और रूमाल का उपयोग करें।
  • साफ पानी से आंखों और चेहरे को धोएँ।
  • धूप का चश्मा पहनें।
  • लक्षण दिखाई देने पर तुरंत चिकित्सक से संपर्क करें।

मलेरिया और डेंगू से बचाव बेहद जरूरी

बरसात के मौसम में जगह-जगह पानी जमा होने से मच्छरों का प्रजनन बढ़ जाता है, जिससे मलेरिया और डेंगू का खतरा बढ़ जाता है।

मच्छरों से बचने के लिए करें ये काम:

  • घर और आसपास पानी जमा न होने दें।
  • कूलर, फ्रिज ट्रे और फूलदान को सप्ताह में एक बार साफ करें।
  • पुराने टायर, डिब्बे और पानी जमा करने वाले बर्तनों को खाली रखें।
  • मच्छरदानी का उपयोग करें।
  • आवश्यकता होने पर कीटनाशक का छिड़काव कराएँ।
  • बुखार आने पर तुरंत खून की जांच कराकर चिकित्सकीय सलाह लें।

स्वास्थ्य विभाग की अपील

मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. अशोक कुमार पटैल ने नागरिकों से अपील की है कि वर्षा ऋतु में स्वच्छता का विशेष ध्यान रखें, केवल शुद्ध पानी का उपयोग करें और किसी भी बीमारी के लक्षण दिखाई देने पर स्वयं उपचार करने के बजाय नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र या चिकित्सक से तुरंत संपर्क करें।

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