प्रदेश में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा का नया अध्याय: सांदीपनि विद्यालय बन रहे उत्कृष्टता और कौशल विकास के केन्द्र
अंतर्राष्ट्रीय पहचान ने बढ़ाया मध्यप्रदेश का गौरव, अगले सत्र तक 250 से अधिक विद्यालयों के होंगे अपने नवीन भवन
भोपाल : रविवार, 30 नवम्बर 2025 | 15:48 IST
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश में नई शिक्षा नीति 2020 के अनुरूप गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और कौशल विकास को प्राथमिकता देते हुए राज्य सरकार बड़े पैमाने पर सुधार कर रही है।
इसी दिशा में प्रदेश के सांदीपनि विद्यालय तेजी से उत्तम शिक्षा और आधुनिक कौशल प्रशिक्षण के प्रमुख केन्द्र बनकर उभर रहे हैं। अपनी उत्कृष्टता और नवाचार के कारण ये विद्यालय अब अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर भी पहचान बना रहे हैं।
3 लाख से अधिक विद्यार्थी लाभान्वित, 274 विद्यालयों से बढ़ते कदम
सांदीपनि विद्यालयों की शुरुआत शैक्षणिक सत्र 2022–23 में हुई थी। पहले ही चरण में प्रदेश में 274 विद्यालय शुरू किए गए।
आज इन विद्यालयों में पढ़ने वाले छात्रों की संख्या 3 लाख से अधिक पहुँच चुकी है, जो इस मॉडल की सफलता और लोकप्रियता का स्पष्ट प्रमाण है।
विद्यालयों में KG-1 से 12वीं तक आधुनिक और गतिविधि-आधारित शिक्षा प्रदान की जा रही है।
शैक्षणिक उपलब्धियों में भी इन विद्यालयों ने शानदार प्रदर्शन किया—
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कक्षा 10वीं का परीक्षा परिणाम: 88%
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कक्षा 12वीं का परीक्षा परिणाम: 84%
उत्कृष्ट अधोसंरचना: 10 हजार करोड़ की योजना, 256 नए भवन निर्माणाधीन
स्कूल शिक्षा विभाग ने सांदीपनि विद्यालयों की अधोसंरचना को मजबूत बनाने के लिए एक विशाल कार्ययोजना तैयार की है।
लगभग 10 हजार करोड़ रुपये की लागत से 256 विद्यालय भवनों का निर्माण प्रारंभ किया गया है।
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अब तक 44 विद्यालयों के नवीन भवन बनकर तैयार हो चुके हैं और संचालन शुरू हो गया है।
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वर्ष 2026-27 के शैक्षणिक सत्र तक सभी 256 भवनों का निर्माण पूरा कर लिया जाएगा।
विद्यार्थियों की सुविधा के लिए
10 से 15 किलोमीटर दूरी तक नि:शुल्क परिवहन सेवा की सुविधा भी उपलब्ध कराई जा रही है, जिससे ग्रामीण क्षेत्रों के बच्चों को स्कूल पहुँचने में आसानी हो रही है।
आधुनिक प्रयोगशालाएँ और सर्वसुविधायुक्त कैंपस
सभी सांदीपनि विद्यालयों को आधुनिक सुविधाओं से सुसज्जित किया गया है, जिनमें शामिल हैं—
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अत्याधुनिक विज्ञान एवं भाषा प्रयोगशालाएँ
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हाई-टेक कंप्यूटर लैब
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आर्ट एंड क्राफ्ट स्टूडियो
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म्यूजिक रूम
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आधुनिक लाइब्रेरी
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खेल मैदान
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मिनी ऑडिटोरियम
इन सुविधाओं का उद्देश्य केवल परीक्षा आधारित शिक्षा नहीं, बल्कि समग्र व्यक्तित्व विकास पर ज़ोर देना है।
अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर बढ़ती प्रतिष्ठा
सांदीपनि विद्यालयों ने अपनी उत्कृष्ट कार्यप्रणाली से दुनिया में भी पहचान बनाई है।
अंतर्राष्ट्रीय उपलब्धियाँ
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सांदीपनि बिनोवा विद्यालय, रतलाम—
वर्ष 2024 में T4 Education द्वारा Innovation Category में प्रथम पुरस्कार, प्राप्त राशि 10,000 डॉलर -
सांदीपनि विद्यालय, झाबुआ—
Supporting Healthy Life श्रेणी में विश्व के शीर्ष 10 विद्यालयों में चयन -
सांदीपनि विद्यालय मालव कन्या—
वर्ष 2025 में FICCI Excellence Award प्राप्त
मुख्यमंत्री ने कहा कि इन उपलब्धियों से न केवल प्रदेश, बल्कि पूरा देश गौरवान्वित है।
“सांदीपनि विद्यालय बच्चों को भविष्य के अनुरूप तैयार कर रहे हैं” – मुख्यमंत्री डॉ. यादव
डॉ. यादव ने कहा—
गीता और जीवन प्रबंधन,गीता क्यों पढ़नी चाहिए
“सांदीपनि विद्यालय केवल शिक्षा का माध्यम नहीं, बल्कि कौशल विकास, नवाचार और चरित्र निर्माण के आदर्श केन्द्र बन चुके हैं। हमारा लक्ष्य है कि हर बच्चा गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, आधुनिक प्रयोगशालाओं और कौशल प्रशिक्षण से सशक्त बन सके।”


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